Sahityasudha view

साहित्यसुधा


साहित्यकारों की वेबपत्रिका

साहित्य की रचनास्थली


वर्ष: 2, अंक 32, मार्च(प्रथम), 2018

लेखक या सम्पादक की लिखित अनुमति के बिना पूर्ण या आंशिक रचनाओं का पुनर्प्रकाशन वर्जित है। लेखक के विचारों के साथ सम्पादक का सहमत या असहमत होना आवश्यक नहीं।  सर्वाधिकार सुरक्षित। साहित्यसुधा में प्रकाशित रचनाओं में विचार लेखक के अपने हैं और साहित्यसुधा टीम का उनसे सहमत होना अनिवार्य नहीं है।

साहित्यसुधा एक सम्पूर्णतः साहित्यिक पत्रिका है जिसका उद्देश्य सभी रचनाकारों को प्रोत्साहित करके हिंदी को बढ़ावा  देना है | इसके माध्यम से हिंदी साहित्य की सभी विधाओं को सम्मिलित करने का प्रयास किया जाएगा। साहित्यसुधा

सम्पादक:- डॉ०अनिल चड्डा
साहित्यिक समाचार
डॉ० अनिल चड्डाजी को लोकतंत्र संवाद द्वारा सम्मानित किया गया



....पूरा पढ़ें

जानें अपनी प्रसन्नता को कैसे बढायें -
पढ़ें डॉ० अशकान फरहादी द्वारा रचित एवँ डॉ० अनिल चड्डा एवँ अन्य द्वारा अनुवादित पुस्तक
"प्रसन्नता का विकास"


"प्रेम या भावना"
सम्पादक की ओर से


"बदलते आदर्श"

(1)

मैं
इसी भारत में
सहस्त्रों भरत पैदा कर दूँ
कहीं से
राम तो ढूंढ कर लाओ
मैं घर-घर में
सीता दिखला दूँ
कोई राम तो दिखाओ

(2)

हे राम
यकीनन तुम भगवान न थे
कुंठित समाज़ की
कठपुतली - मात्र इन्सान थे
तभी तो
आदर्शों की होली में
झोंक दिया था
सीता का तन
केवल लांछन से
छोड़ दिया
भटकने को बन-बन
यह तो सोचा होता
कल कौन बनेगी सीता
जिसे केवल
अहंतुष्टि के लिये
यूँ ही जलना पड़े
बन-बन भटकना पड़े
धरती का ग्रास बनना पड़े
राम, तुम तो राम ही रहे
सीता ही रही न सीता

(3)

और द्रोण
तुम्ही ने तो
आदर्शों का
अंगूठा था काटा
तभी तो
शत-शत आदर्श
बाण बन
बिछौना बने थे
भीष्म का

     - डॉ० अनिल चड्डा
अब तक.......


कविता  |  कहानी  |  लघु-कथा  |  आलेख  |   व्यंग्य  | गीत अनूदित-साहित्य  |  नाटक  |  लेखक परिचय  | 
ग़ज़लें   | हाइकु   |  हिन्दी ब्लॉग  |  दोहे | नज़्में  | पुस्तक समीक्षा  |पुराने अंक| हास्य-कविता |
बच्चों का कोना|

आपके पत्र
विरेंदर 'वीर' मेहता -xxxxxxxxxxx पत्रिका में लगभग साहित्य के सभी रंगों को समेटा गया है, साज-सज्जा भी सुन्दर लगती है, लघुकथाओं में 'सपना परिहार' जी की 'माँ का पत्र' ने विशेष तौर से आकर्षित किया. हालांकि 'नरेश गुर्जर' की रचना 'सिगरेट के टुकड़े'को मेरे विचार में लघुकथा कहना अन्नाय ही होगा.
बरहाल सभी रचनाकारों को उनकी सुन्दर सहभागिता के लिए हार्दिक बधाई....
अमिताभ वर्मा-साहित्यसुधा नियमित रूप से प्रकाशित होने वाली शायद एकमात्र पत्रिका है। इसके लिए बधाई स्वीकार करें।जनवरी द्वितीय अंक में डॉ श्रीलता सुरेश की कहानी ’वृद्धाश्रम’ पढ़ते समय लगा कि ऐसी तो अनेक कहानियाँ पढ़ चुका हूँ। फिर भी, न जाने क्या बात थी, कि कहानी पढ़ता ही गया। कहानी के अंत ने मुझे झकझोर कर ग़लत साबित कर दिया!डॉ अनिल चड्डा की कहानी ’उपहार’ का अंत भी चौंका देने वाला है। xxx xxxx
महेंद्र देवांगन माटी- इस अंक के सभी लेख एवं कविता बहुत बढ़िया है ।सभी लोगों को बधाई एवं शुभकामनाएँ । संपादक मंडल को भी बहुत बहुत बधाई ।
अमरेश सिंह भदोरिया-आदरणीय संपादक महोदय आपकी रचना 'क्यों आती है' पढ़ी । मुझे बहुत अच्छी लगी। बड़े सुन्दर भाव है। बहुत - बहुत बधाई आपको।
कृष्ण भारतीय - आप द्वारा प्रेषित 'साहितयसुधा' पत्रिका का अंक मिला ! वेब का अंक अच्छी लगा ! आपकी लगन लव परिश्रम साफ़ झलकता है ! xxx
शशांक मिश्रा- साहित्यसुधा फरवरी(द्वितीय) 2018 अंक बहुत सुन्दर व पठनीय है सभी को बधाई
dilip kumar jha-Sahityasudha ki rachnaye achchi lagi
एस. के. वर्मा -मैं लिंक पर क्लिक करके पढ़ना शुरू किया तो लगा पढ़ता ही जाऊं वाकई आज के दौर में साहित्य को जिंदा रखना मुश्किल काम है परन्तु साहित्य सुधा इस मुश्किल कार्य को बड़ी हिम्मत से निभा रही है साथ ही साथ नए -नए य़ुवा कवि को मौका देकर उनका उत्साह बढ़ा रही है।
डॉ.भारतेंदु मिश्र -आपको तथा आपके सराहनीय प्रयास के लिए शुभकामनाएं|
Pawanesh Thakurathi - हार्दिक आभार सर। आप कम समय में अच्छा अंक निकाल रहे हैं।
तुलसी तिवारी -फरवरी का दूसरा अंक बहुत ही सार्थक बन पड़ा है हर्ष कुमार सेठ की कहानी संस्कार कर्म फल की याद दिला कर कर्म की शुचिता पर ध्यान केन्द्रित करती है संपादक जी की कविता बहुत जानदार लगी xxxxxxx
अशोक दर्द - साहित्यसुधा का जनवरी द्वितीय अंक मिला ______ इस खूबसूरत अंक के लिए बधाई , साहित्य सुधा यूं ही सदैव प्रगतिशील रहे यही कामना है
भावेश सक्सेना -आपका यह प्रयास प्रशंसनीय है। पत्रिका के अंक अच्छे बन रहे हैं। बधाई एवं शुभकामनाएं।
हरिशंकर वट - रचनाऐ पठनीय संग्रहणीय है।साधुवाद हरिशंकर वट संपादक मन्वतर
एम.के. शुक्ला - श्री अमरेश सिंह भदौरिया जी की रचना जब नियति परीछा लेती है...... बहुत ही सटीक रचना लगी उनको बधाई
महावीर उत्तरांचली (शा'इर, कवि व कथाकार) - पत्रिका का हर अंक संग्रहणीय है। यह साहित्य के प्रति आपके समर्पण; परिपक्वता और रूचि को दर्शाता है। आपकी पूरी 'साहित्यसुधा' टीम को हर्दिक बधाई। सुधि पाठकों के लिए मेल को फॉरवर्ड किया जा रहा है।
मोहन पांडेय - जनवरी द्वितीय अंक सारगर्भित व गंभीर है
इस अंक में
कवितायेँ


1.डॉ०अनिल चड्डा
-

(i)खुद से प्यार करो
(ii)मेरे साथ ही खत्म हो जायेगा
(iii)निश्छल प्रेम

2.अपर्णा झा -

(i)दूसरा कौन...
(ii)सत्य की खोज

3.कवि चंद्र मोहन किस्कू -

(i)हमारा खून
(ii)लड़की
(iii)मैं जिन्दा रहुँगी

4.डॉ दिग्विजय शर्मा "द्रोण" -

(i)ब्रज की होली पर दस कवितायेँ
(ii)डरता हूँ
(iii)पीढ़ी का परिवर्तन

5.लवनीत मिश्र -

(i)संयम

6. मिताली खोड़ियार -

(i)मैं से हम
(ii)प्रेम पत्र

7.मुकेश कुमार ऋषि वर्मा -

(i)आ गया फाग

8.नरेंद्र श्रीवास्तव -

(i)हुये बावरिया होली में

9.निशा गुप्ता "नंदिनी " -

(i)हाँ ! मैं श्वेत हूँ

10.पूनम भार्गव -

(i)दिवास्वप्न
(ii)पन्ना
(iii)शब्द

11.प्रिया देवांगन "प्रियू" -

(i)होली आई

12.पुष्पा मेहरा -

(i)रंगों की बौछार

13.राजेश भंडारी “बाबु “ -

(i)उड़े उड़े रे गुलाल

14.कवि राजेश पुरोहित -

(i)फागुन आयो

15.राजेश कुमार श्रीवास्तव -

(i)फूल बन जाऊंगा

16.रश्मि सिंह -

(i)ठगी जाती हूँ

.....कवितायेँ

17.रवि रश्मि ' अनुभूति ' -

(i) बेटी के जनम पर

18.समितिंजय शुक्ल -

(i)सत्य हूँ मैं, अस्तित्व हूँ मैं!

19.सविता मिश्रा "अक्षजा" -

(i)हुल्लड़ होली की
(ii)लंगूर बन के

20.शंकर मुनि रॉय ‘गड़बड़’ -

(i)फागुन आइल जी!

21.शिबू टुडू -

(i)जन शक्ति का सच
(ii)विश्वास

22.शुचि 'भवि' -

(i)आओ देख लो न
(ii)उम्र की दहलीज़

23.संतोष कुमार वर्मा -

(i)अपने जीवन को बचाओ
(ii)चलो मिलकर होली मनाते हैं
(iii)पेट की भूख

24. विश्वम्भर पाण्डेय 'व्यग्र' -

(i)होली के अवसर पर कवितायेँ

ग़ज़लें

1.डॉ०अनिल चड्डा
-

(i)आईने को भी
 झूठ कहते हैं लोग

(ii)भूल गये हो
(iii)इतना प्रिय तेरा
 दर्द प्रिये


2.अनिरुद्ध सिन्हा -

(i)क्या ही अच्छा
 वो कर गया चुपचाप

(ii)यूँ ही दिन ज़िन्दगी
 के निकलते रहे


3.बृजराज किशोर 'राहगीर' -

(i)मुक़द्दर मुख़्तलिफ़...

4.डा. दिनेश त्रिपाठी `शम्स’ -

(i)मान घटता है...
(ii)मखमली अहसास बस जीवित रहे
(iii)न्याय की अवमानना
 पर गौर हो


5.गंगाधर शर्मा 'हिन्दुस्तान' -

(i)मक्कार चोर धूर्त तथा
 बदचलन तमाम


6. जयशंकर प्रसाद डनसेना -

(i)उजाड़ने गांव घाव
 बनाना चाहता हूं

(ii)धुआं गहरा तो रहेगा

.....गजलें

7.नरेंद्र श्रीवास्तव -

(i)कुछ खुशी,कुछ गम

8.नवीन मणि त्रिपाठी -

(i)छू के साहिल को
 लहर जाती है


गीत


1.डॉ०अनिल चड्डा
-

(i)कौन सुने

2.अर्पित 'अदब' -

(i)लाडो! ऐसे गीत सुनाओ
(ii)रोज़ तुम्हारे ख़त पढ़ते हैं
(iii)तुम हमें प्यार दो

3. सुशील कुमार शर्मा -

(i)प्रेमगीत

4.अर्जित पाण्डेय -

(i)होली गीत

नज्में


1.डॉ०अनिल चड्डा
-

(i)यूँ ही दिन के उजाले जलाते रहे

2.डॉ.कविता ‘किरण’ कवयित्री -

(i)बात कब होगी!!!
(ii)ख़ास बातें

लघुकथायें


1. अपर्णा झा -

(i)फाल्गुनी रंग

2. अर्जित पाण्डेय -

(i)दोहरा मापदंड

3.राजीव कुमार -

(i)अनजानी-सी मदद
(ii)तारीफ
(iii)वतन-बेवतन

4.सविता मिश्रा "अक्षजा" -

(i)खुलती गिरहें
(ii)तमाचा

5.शुचि 'भवि' -

(i)ये कैसी बारिश्??

हास्य-नाटक


1.दिनेश चन्द्र पुरोहित -

(i)खंड ११ - “भलाई करोगे
 तो भलाई ही मिलेगी ”


बच्चों का कोना


1.डॉ.प्रमोद सोनवानी पुष्प
-

(i)चंदा को ले आयेंगे
(ii)घड़ी
(iii)तितली रानी

आलेख

1.घनश्याम बादल
-

(i)विशेषज्ञ की राय : बोर्ड परीक्षा:
 अच्छी तैयारी तो वैतरणी पार

(ii)सुभाष जयंती पर :
 क्या आपसी राजनीति के
 शिकार बने सुभाष ?

(iii)बचाने होंगें भारतीय संस्कृति के रंग
 होली : मस्ती , मर्यादा और रंग


2. गोवर्धन यादव -

(i)आ गयी महाशिवरात्रि-
 पधारिए शंकरजी


3. निशा गुप्ता "नंदिनी " -

(i)वैश्विक स्तर पर हिन्दी का स्वरूप

4. सुशील कुमार शर्मा -

(i)प्रकृति मानवीय संवेदनाओं
 की संवाहक है

(ii)श्रेष्ठ साहित्य का सृजन कैसे हो

5. तारकेश कुमार ओझा -

(i)न्यूज वल्र्ड के सोमालिया - यूथोपिया ... !!

हाइकु


1.अशोक बाबू माहौर -

(i)पीपल घना...

2. सुशील कुमार शर्मा -

(i)कली भ्रमर...

पुस्तक समीक्षा


1.डॉ०चंदन कुमारी -

(i)सुनो तो सही - पुस्तक समीक्षा
2.रचना गौड़ ‘भारती’ -

(i)दहलीज़ (लघुकथा संग्रह)- पुस्तक समीक्षा

पुस्तक


1.महावीर उत्तरांचली -

(i)कुंडलियाँ संग्रह

दोहे


1. शंकर मुनि रॉय -

(i)बासंती दोहे

2. सुशील कुमार शर्मा -

(i)दोहा बन गए दीप -15
 मंचीय कविता

(ii)दोहा बन गए दीप-16
(iii)दोहा बन गए दीप -18

3. रमेश शर्मा -

(i)दोहे रमेश के होली पर

तांका


1. कमला घटाऔरा -

(i)बोल को तोल...

कहानियाँ


1.दीपिका
-

(i)कोई भी नई चीज आ जाने पर
 पुरानी चीज पुरानी हो जाती है ............


2.जनकदेव जनक -

(i)बेपनाह

3.मोती प्रसाद साहू -

(i)दूसरा महेन्द्र नहीं

4.संजय जैन -

(i)कर्म-फल

रुबाईयाँ


1.रवि रश्मि 'अनुभूति '
-

(i)शम्मा लो जल रही ............

अनूदित साहित्य


1.डॉ०अनिल चड्डा -

(...गतांक से)डॉ० रिक लिंडल द्वारा
रचित अंग्रेजी पुस्तक
'The Purpose' का
डॉ० अनिल चड्डा
द्वारा हिंदी अनुवाद
(पढ़ें "अध्याय 5 -
"स्वतंत्र इच्छा")


2.डॉ॰रजनीकान्त एस.शाह -

(i)गुजराती कहानी-
भैयादादा


ब्लॉग

1.डॉ०अनिल चड्डा -

(क)प्रेम अनुभूतियाँ


(ख)अनिल चड्डा ब्लॉग


2. शोभा जैन -

(क)शोभा जैन ब्लॉग्स


3. सुनील गज्ज़ानी-

(क)सुनील गज्जानी ब्लॉग्स

कृपया रचनाओं पर अपनी टिप्पणी भेजें!

आपका ई-मेल पता :
आपका नाम:
टिप्पणी:
 
कृपया अपनी रचनाएँ,जो मौलिक होनी चाहिए और यूनिकोड फॉण्ट में टंकित हों, निम्नलिखित
ई-मेल पर भेजें :-

sahityasudha2016@gmail.com
[यूनिकोड फॉण्ट इनस्टॉल करने के लिये यहाँ क्लिक करके डाउनलोड करें]

गोपनीयता नीति

कुछ अन्य साहित्यिक वेबपत्रिकाएँ

 1.साहित्यकुंज
 2.अनुभूति
 3.काव्यालय
 4.लघुकथा.com
 5.साहित्यसरिता
 6.हिन्दी नेस्ट
 6.सृजनगाथा
 7.कृत्या
 8.हिन्दी हाइकु
 9.सेतु साहित्य

सूचना -

साहित्यसुधा के नए अंकों की सूचना पाने के लिए अपना ई-मेल पता भेजें

Powered by us.groups.yahoo.com